Paper Leak Bill: देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक के बढ़ते मामलों के बीच केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में पेपर लीक संशोधन बिल को मंजूरी दे दी गई। सरकार इस विधेयक को 27 जुलाई से शुरू होने वाले संसद सत्र में पेश कर सकती है।
PM मोदी बोले- पेपर लीक छात्रों के भविष्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा
कैबिनेट की मंजूरी से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छात्रों के नाम एक वीडियो संदेश जारी किया। उन्होंने कहा कि पेपर लीक लाखों छात्रों और उनके परिवारों के लिए बेहद गंभीर और पीड़ादायक विषय है। सरकार इस समस्या को रोकने के लिए सख्त कानून बनाने की दिशा में काम कर रही है।
प्रधानमंत्री ने बताया कि पिछले ढाई महीनों में पेपर लीक मामलों में कई आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों का शैक्षणिक सत्र प्रभावित न हो, इसलिए कम समय में 22 लाख विद्यार्थियों की परीक्षा कराई गई और 19 जुलाई को परिणाम भी जारी किए गए।
Paper Leak Bill: फास्ट-ट्रैक कोर्ट बनाने के निर्देश
प्रधानमंत्री ने कहा कि पेपर लीक से जुड़े मामलों का जल्द निपटारा सुनिश्चित करने के लिए फास्ट-ट्रैक कोर्ट स्थापित करने के निर्देश भी दिए गए हैं, ताकि दोषियों को जल्द सजा मिल सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।
Paper Leak Bill: राहुल गांधी ने उठाए सवाल
वहीं, कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री के वीडियो संदेश पर प्रतिक्रिया देते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट किया। उन्होंने कहा कि छात्र लगातार केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं और सरकार को इस मुद्दे पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए। फिलहाल, अब सभी की नजर संसद पर है, जहां पेपर लीक संशोधन बिल पेश किए जाने की संभावना है।



